हमें हाथ जोड़ना भी आता है और तोड़ना भी'; दतिया में जीतू पटवारी का बड़ा बयान, पुलिस-प्रशासन और बीजेपी पर लगाए गंभीर आरोप

दतिया उपचुनाव को लेकर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी फॉर्म में नजर आ रहे हैं। वह सरकारी अधिकारियों पर गड़बड़ी करने का आरोप लगा रहे हैं। उनका कहना है कि हमें हाथ जोड़ना और तोड़ना भी आता है।

हमें हाथ जोड़ना भी आता है और तोड़ना भी'; दतिया में जीतू पटवारी का बड़ा बयान, पुलिस-प्रशासन और बीजेपी पर लगाए गंभीर आरोप

दतिया में चुनावी सभा के दौरान कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी ने प्रशासन को लेकर तीखा बयान दिया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस को हाथ जोड़ना भी आता है और हाथ तोड़ना भी। पटवारी ने पुलिस अधिकारियों के तबादलों पर सवाल उठाते हुए प्रशासन पर पक्षपात के आरोप लगाए।

दतिया। मध्य प्रदेश के दतिया विधानसभा उपचुनाव का चुनाव प्रचार अब पूरी तरह से चरम पर पहुंच चुका है। भारतीय जनता पार्टी और कांग्रेस दोनों ही दल अपने-अपने प्रत्याशियों की जीत सुनिश्चित करने के लिए पूरी ताकत झोंक रहे हैं। इसी क्रम में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी लगातार दतिया में चुनावी सभाएं और जनसंपर्क अभियान चला रहे हैं। सोमवार को आयोजित एक जनसभा में जीतू पटवारी ने अपने भाषण के दौरान तीखे तेवर दिखाए और पुलिस-प्रशासन, भारतीय जनता पार्टी तथा चुनावी प्रक्रिया को लेकर कई बड़े आरोप लगाए। उनके भाषण का सबसे चर्चित हिस्सा वह बयान रहा जिसमें उन्होंने कहा, "हमें हाथ जोड़ना भी आता है और हाथ तोड़ना भी।" इस बयान के बाद प्रदेश की राजनीति में नई बहस छिड़ गई है।

सभा को संबोधित करते हुए जीतू पटवारी ने कहा कि कांग्रेस अब पहले जैसी पार्टी नहीं रही। उन्होंने कार्यकर्ताओं में जोश भरते हुए कहा कि यदि चुनाव के दौरान किसी अधिकारी या कर्मचारी ने अनुचित दबाव बनाने या पक्षपात करने की कोशिश की तो कांग्रेस चुप नहीं बैठेगी। उन्होंने कहा कि यह नई कांग्रेस है, जो अन्याय का विरोध करना जानती है।

पटवारी ने कहा कि यदि पुलिस-प्रशासन ने कार्यकर्ताओं को डराने या दबाने की कोशिश की तो कांग्रेस उसका मजबूती से जवाब देगी। उन्होंने कहा कि पार्टी के कार्यकर्ता लोकतांत्रिक तरीके से चुनाव लड़ रहे हैं, लेकिन यदि कोई सत्ता के दबाव में काम करेगा तो कांग्रेस उसे बर्दाश्त नहीं करेगी।

नई कांग्रेस का दावा

अपने भाषण में जीतू पटवारी ने कहा कि अब कांग्रेस का स्वरूप बदल चुका है। उन्होंने पार्टी के युवा नेतृत्व का उल्लेख करते हुए कहा कि यह हेमंत कटारे, जयवर्धन सिंह और हजारों कार्यकर्ताओं की नई कांग्रेस है, जो अन्याय के खिलाफ मजबूती से खड़ी रहेगी। उन्होंने कार्यकर्ताओं से चुनाव के दौरान पूरी सतर्कता बरतने और मतदान प्रक्रिया पर नजर रखने की अपील की।

बीजेपी पर लगाए गंभीर आरोप

जनसभा के दौरान जीतू पटवारी ने भारतीय जनता पार्टी पर भी कई गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने दावा किया कि दतिया विधानसभा उपचुनाव में हार के डर से भाजपा ने भारी मात्रा में धन का इस्तेमाल शुरू कर दिया है।

पटवारी ने आरोप लगाया कि दतिया में करीब 50 करोड़ रुपए पहुंचाए गए हैं और एक होटल को भाजपा का चुनावी कार्यालय बनाकर वहां से पैसे बांटे जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि सत्ता पक्ष मतदाताओं को प्रभावित करने का प्रयास कर रहा है।

हालांकि, इन आरोपों के समर्थन में उन्होंने कोई सार्वजनिक दस्तावेज या प्रमाण प्रस्तुत नहीं किया। भाजपा की ओर से भी इन आरोपों पर तत्काल कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई।

पुलिस-प्रशासन पर भी साधा निशाना

प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष ने पुलिस प्रशासन पर भी सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि चुनाव से ठीक पहले जिले के कई थाना प्रभारियों (टीआई) का तबादला किया गया है। पटवारी ने दावा किया कि प्रशासनिक फेरबदल निष्पक्ष चुनाव की भावना के अनुरूप नहीं है।

उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि पुलिस की गाड़ियों का उपयोग चुनावी गतिविधियों में किया जा सकता है। हालांकि इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो सकी है।

कार्यकर्ताओं से सतर्क रहने की अपील

जीतू पटवारी ने कांग्रेस कार्यकर्ताओं से मतदान के दिन पूरी सक्रियता रखने की अपील की। उन्होंने कहा कि यदि किसी मतदान केंद्र पर चुनाव प्रभावित करने की कोशिश हो तो कार्यकर्ता तुरंत इसकी जानकारी पार्टी और निर्वाचन अधिकारियों को दें।

उन्होंने कहा कि कांग्रेस का उद्देश्य शांतिपूर्ण और निष्पक्ष मतदान सुनिश्चित करना है तथा कार्यकर्ताओं को हर बूथ पर लोकतांत्रिक प्रक्रिया की रक्षा करनी होगी।

अधिकारियों को दी चेतावनी

अपने भाषण में जीतू पटवारी ने सरकारी अधिकारियों को भी चेतावनी देते हुए कहा कि यदि चुनाव में किसी प्रकार की गड़बड़ी हुई तो उसका पूरा हिसाब रखा जाएगा। उन्होंने दावा किया कि वर्ष 2028 में प्रदेश में कांग्रेस की सरकार बनेगी और तब चुनाव में पक्षपात करने वालों की जवाबदेही तय की जाएगी।

उन्होंने कहा कि अधिकारी निष्पक्ष रहें और किसी राजनीतिक दबाव में काम न करें, क्योंकि लोकतंत्र में प्रशासन की भूमिका पूरी तरह निष्पक्ष होनी चाहिए।

कांग्रेस की जीत का दावा

जनसभा के दौरान जीतू पटवारी ने कांग्रेस प्रत्याशी घनश्याम सिंह की जीत का भरोसा भी जताया। उन्होंने दावा किया कि कांग्रेस उम्मीदवार लगभग 25 हजार वोटों के अंतर से चुनाव जीतेगा। पटवारी का कहना है कि जनता परिवर्तन चाहती है और उपचुनाव में इसका परिणाम दिखाई देगा।

वहीं दूसरी ओर भारतीय जनता पार्टी भी अपनी जीत को लेकर आश्वस्त नजर आ रही है। भाजपा के वरिष्ठ नेता लगातार दतिया में प्रचार कर रहे हैं और सरकार की योजनाओं तथा विकास कार्यों को चुनावी मुद्दा बना रहे हैं।

दतिया उपचुनाव बना प्रतिष्ठा का सवाल

दतिया विधानसभा उपचुनाव अब प्रदेश की राजनीति का सबसे चर्चित चुनाव बन चुका है। कांग्रेस और भाजपा दोनों के लिए यह सीट प्रतिष्ठा का प्रश्न बन गई है। दोनों दलों के शीर्ष नेता लगातार क्षेत्र में डेरा डाले हुए हैं और मतदाताओं को अपने पक्ष में करने का प्रयास कर रहे हैं।

राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि इस उपचुनाव का असर आने वाले समय की प्रदेश राजनीति पर भी दिखाई दे सकता है। यही कारण है कि चुनाव प्रचार के दौरान नेताओं के बयान लगातार सुर्खियां बटोर रहे हैं।

दतिया उपचुनाव में जीतू पटवारी के तीखे बयान ने चुनावी माहौल को और गर्म कर दिया है। एक ओर उन्होंने कांग्रेस कार्यकर्ताओं में जोश भरने की कोशिश की, वहीं दूसरी ओर भाजपा, पुलिस-प्रशासन और चुनावी प्रक्रिया को लेकर गंभीर आरोप लगाए। हालांकि उनके आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है और भाजपा की ओर से इन पर विस्तृत प्रतिक्रिया का इंतजार है। अब सभी की नजर मतदान और उसके परिणाम पर है, जो तय करेगा कि दतिया की जनता किसके पक्ष में अपना फैसला सुनाती है।