बीसीएच मिशन की 7.50 एकड़ जमीन पर बनेगा भव्य कन्वेंशन सेंटर, लखनऊ की तर्ज पर आधुनिक सुविधाओं से होगा तैयार; 1.27 एकड़ चर्च के लिए सुरक्षित, डीएम ने शासन को भेजा प्रस्ताव

उरई में बीसीएच मिशन की 7.50 एकड़ भूमि पर कन्वेंशन सेंटर बनाने की तैयारी है। डीएम राजेश पाण्डेय ने शासन से स्वीकृति के लिए प्रस्ताव भेजा है। लखनऊ की तर्ज पर आधुनिक सुविधाओं वाला सेंटर प्रस्तावित है। वहीं 1.27 एकड़ भूमि चर्च और स्टाफ के लिए सुरक्षित रखी जाएगी।

बीसीएच मिशन की 7.50 एकड़ जमीन पर बनेगा भव्य कन्वेंशन सेंटर, लखनऊ की तर्ज पर आधुनिक सुविधाओं से होगा तैयार; 1.27 एकड़ चर्च के लिए सुरक्षित, डीएम ने शासन को भेजा प्रस्ताव

बीसीएच मिशन की 7.50 एकड़ भूमि पर बनेगा कन्वेंशन सेंटर, शासन को भेजा गया प्रस्ताव

उरई। बीसीएच मिशन की मौजा लहरिया स्थित गाटा संख्या 518 की 7.50 एकड़ भूमि पर आधुनिक सुविधाओं से युक्त कन्वेंशन सेंटर विकसित करने की तैयारी शुरू हो गई है। जिला प्रशासन ने परियोजना को आगे बढ़ाने के लिए शासन से स्वीकृति मांगी है। जिलाधिकारी राजेश पाण्डेय ने कन्वेंशन सेंटर निर्माण संबंधी प्रस्ताव शासन को भेज दिया है। शासन की मंजूरी मिलने के बाद परियोजना पर आगे की कार्रवाई शुरू की जाएगी।

प्रशासन की योजना के मुताबिक 7.50 एकड़ भूमि का उपयोग कन्वेंशन सेंटर के निर्माण के लिए किया जाएगा। प्रस्तावित सेंटर को आधुनिक सुविधाओं से लैस करने की योजना है, ताकि शहर में बड़े सामाजिक, सांस्कृतिक, शासकीय और अन्य महत्वपूर्ण कार्यक्रम आयोजित किए जा सकें। इसे लखनऊ में बने कन्वेंशन हॉल की तर्ज पर विकसित किए जाने की बात कही जा रही है। इससे उरई शहर को बड़े आयोजनों के लिए एक बेहतर और सुविधाजनक स्थान मिलने की उम्मीद है।

चर्च के लिए 1.27 एकड़ भूमि सुरक्षित

प्रशासन के अनुसार बीसीएच मिशन की भूमि में से 1.27 एकड़ हिस्सा चर्च के लिए निहित रखा जाएगा। इस क्षेत्र में चर्च के साथ उसका स्टाफ भी रहेगा। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि चर्च के लिए निर्धारित 1.27 एकड़ भूमि पर चर्च से संबंधित आवश्यक उपयोग के अलावा किसी अन्य प्रकार के निर्माण की अनुमति नहीं दी गई है।

बुधवार को चर्च की नन जिलाधिकारी राजेश पाण्डेय से मुलाकात करने पहुंचीं। इस दौरान उन्होंने चर्च की भूमि को लेकर अपनी बात प्रशासन के सामने रखी। जिलाधिकारी ने उन्हें बताया कि चर्च के लिए पहले से ही 1.27 एकड़ भूमि सुरक्षित रखी गई है। इस हिस्से में किसी अन्य निर्माण की अनुमति नहीं दी गई है।

मुख्य द्वार से मिलेगा चर्च तक रास्ता

जिलाधिकारी ने यह भी स्पष्ट किया कि चर्च और वहां रहने वाले स्टाफ के आवागमन में किसी प्रकार की परेशानी नहीं होने दी जाएगी। चर्च तक पहुंचने के लिए मुख्य द्वार से पर्याप्त रास्ता उपलब्ध कराया जाएगा। इससे चर्च में आने-जाने वाले लोगों और वहां रहने वाले स्टाफ को सुविधा मिल सकेगी।

मुलाकात के दौरान चर्च के स्टाफ ने पानी की लाइन टूटने की समस्या भी जिलाधिकारी के सामने रखी। उन्होंने बताया कि पानी की लाइन क्षतिग्रस्त होने के कारण परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। मामले को गंभीरता से लेते हुए जिलाधिकारी ने तत्काल नगर पालिका को पानी की लाइन जोड़ने के निर्देश दिए।

जिलाधिकारी के निर्देश के बाद नगर पालिका स्तर से समस्या के समाधान की प्रक्रिया शुरू की गई। प्रशासन की ओर से तत्काल कार्रवाई किए जाने पर चर्च के संपूर्ण स्टाफ ने जिलाधिकारी के प्रति आभार जताया।

शासन की मंजूरी के बाद आगे बढ़ेगा काम

जिला प्रशासन की ओर से भेजे गए प्रस्ताव पर अब शासन की स्वीकृति का इंतजार है। मंजूरी मिलने के बाद कन्वेंशन सेंटर के निर्माण की प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जाएगा। परियोजना के पूरा होने के बाद उरई में बड़े स्तर के कार्यक्रमों के आयोजन के लिए आधुनिक सुविधा उपलब्ध हो सकेगी।

प्रशासन का मानना है कि कन्वेंशन सेंटर शहर के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है। यहां सामाजिक और सांस्कृतिक कार्यक्रमों के साथ-साथ सरकारी बैठकों, सम्मेलनों और अन्य बड़े आयोजनों को भी व्यवस्थित तरीके से कराया जा सकेगा। 7.50 एकड़ भूमि पर प्रस्तावित इस परियोजना को लेकर अब शासन के निर्णय पर सभी की नजर है।