सर्पदंश से बिगड़ी 26 साल के युवक की हालत, नई CCHB सुविधा और ICU ने बचाई जान; गुना जिला अस्पताल में डॉक्टरों की सूझबूझ से मिला नया जीवन
गुना जिला अस्पताल के डॉक्टरों और ICU टीम ने सर्पदंश के बाद गंभीर हालत में पहुंचे 26 वर्षीय नंदकुमार यादव की जान बचाई। मरीज को सांस लेने में गंभीर परेशानी थी और उसे वेंटिलेटर सपोर्ट पर रखा गया। डॉक्टरों की तत्परता, नई CCHB सुविधा, ICU और लगातार 24 घंटे की निगरानी से युवक अब पूरी तरह स्वस्थ होकर खतरे से बाहर है।
सर्पदंश के बाद युवक की हालत हुई थी बेहद गंभीर, ICU में वेंटिलेटर सपोर्ट और 24 घंटे की निगरानी से बची जान; डॉक्टरों व नर्सिंग टीम की तत्परता की हुई सराहना
गुना:-जिला चिकित्सालय गुना के डॉक्टरों ने एक बार फिर साबित कर दिया कि सरकारी अस्पताल की सेवाएं किसी प्राइवेट अस्पताल से कम नही हैं। समय पर इलाज और डाक्टर्स एवं नर्सिंग ऑफिसर की सूझ बुझ व आधुनिक मशीनों की मदद से एक 26 वर्षीय युवक की जान बचा ली गई।
क्या है पूरा मामला?
पिपरौदा निवासी नंदकुमार यादव पिता हिंदू सिंह (उम्र 26 वर्ष) को कथित तौर पर दिनांक 22 सितंबर 2026 को सर्प दंश के बाद अचेत अवस्था में अस्पताल लाया गया था। परिवार जब उसे लेकर नवीन CCHB ब्लॉक पहुंचा, तब उसकी हालत बेहद नाजुक थी। सांस बेहद धीमी चल रही थी और शरीर में जहर के गंभीर लक्षण दिख रहे थे।
24 घंटे चला जिंदगी बचाने का मिशन
CMHO डॉ. राजकुमार ऋषिश्वर के मार्गदर्शन में ड्यूटी पर तैनात मेडिसिन विशेषज्ञ डॉ. सोवरण राय, डॉ. राहुल रघुवंशी, डॉ. महेंद्र किरार ने बिना एक मिनट गंवाए इलाज शुरू किया। परिजनों से सहमति लेकर तुरंत ऑक्सीजन सपोर्ट दिया गया और मरीज को आई सी यू में शिप्ट कराकर वेंटिलेटर पर शिफ्ट किया गया। लगातार 24 घंटे तक गहन निगरानी और उपचार चलता रहा। डॉ. सोवरण राय एवं डॉ. राहुल रघुवंशी ने बताया मरीज अत्यंत गंभीर अवस्था में लाया गया था। सर्प दंश से पूरे शरीर में जहर फैल चुका था समय पर उपचार और वेंटिलेटरी सपोर्ट मिलने से ही जान बच पाई। आज नंदकुमार पूरी तरह स्वस्थ और खतरे से बाहर है।
पूरी टीम का सराहनीय योगदान
इस सफलता में आई सी यू वार्ड प्रभारी पूजा सिंह और नर्सिंग ऑफिसर वर्षा माकोड़े, दीपिका पटेल, वीरेंद्र कुशवाह, विधि यादव, अजय अहिरवार, अरुण शर्मा एवं कोमल जाटव का विशेष सहयोग रहा।
परिजनों ने कहा - शुक्रिया गुना अस्पताल
नंदकुमार के परिजनों ने कहा, जिला अस्पताल में जो सुविधा और देखभाल मिली, वह किसी बड़े प्राइवेट अस्पताल से कम नही है। सभी डॉक्टर और स्टाफ का दिल से आभार।
अस्पताल प्रशासन की अपील
जिला अस्पताल प्रशासन ने जनता से अपील की है कि सर्प दंश या किसी भी जहरीले कीट आदि के काटने पर तुरंत नजदीकी अस्पताल पहुंचें। किसी प्रकार के अंधविश्वास या झाड़ फूक के चक्कर में ना पड़े थोड़ी सी देर भी जानलेवा साबित हो सकती है।
प्रखर न्यूज़ व्यूज एक्सप्रेस