बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे के पास ओवरलोडिंग पर बड़ी कार्रवाई, 10 ट्रक पकड़े; 10.60 लाख से अधिक का जुर्माना

बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे के पास खनिज विभाग, परिवहन विभाग और राजस्व विभाग की संयुक्त टीम ने चलाया सघन चेकिंग अभियान, निर्धारित क्षमता से अधिक खनिज लादकर जा रहे 10 ओवरलोड ट्रक पकड़े गए, 10.60 लाख रुपये से अधिक का लगाया जुर्माना, आगे भी औचक कार्रवाई जारी रखने की प्रशासन ने दी चेतावनी।

बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे के पास ओवरलोडिंग पर बड़ी कार्रवाई, 10 ट्रक पकड़े; 10.60 लाख से अधिक का जुर्माना

संयुक्त टीम की कार्रवाई से खनिज कारोबारियों में हड़कंप, 10 ओवरलोड ट्रकों पर 10.60 लाख से अधिक का जुर्माना

उरई। अवैध खनन, अवैध खनिज परिवहन और ओवरलोडिंग के खिलाफ जालौन जिला प्रशासन ने सख्त कार्रवाई करते हुए बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे के पास 10 ओवरलोड ट्रकों को पकड़ लिया। खनिज विभाग, परिवहन विभाग और राजस्व विभाग की संयुक्त टीम ने जालौन कोतवाली क्षेत्र में सघन चेकिंग अभियान चलाकर यह कार्रवाई की। पकड़े गए वाहनों पर नियमानुसार करीब 10 लाख 60 हजार रुपये से अधिक का जुर्माना लगाया गया है।

अभियान के दौरान संयुक्त टीम ने बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे के आसपास संदिग्ध और भारी वाहनों को रोककर उनके दस्तावेजों की जांच की। इसके साथ ही ट्रकों में लदे खनिज की मात्रा और परिवहन से संबंधित अभिलेखों का भी सत्यापन किया गया। जांच के दौरान कई वाहनों में निर्धारित क्षमता से अधिक खनिज लदा पाया गया। नियमों का उल्लंघन सामने आने पर टीम ने सभी 10 ट्रकों को कार्रवाई के दायरे में लेते हुए आवश्यक विधिक प्रक्रिया शुरू कर दी।

प्रशासन की इस कार्रवाई की जानकारी मिलते ही खनिज परिवहन से जुड़े वाहन संचालकों में हड़कंप मच गया। अधिकारियों ने वाहन चालकों और संचालकों को स्पष्ट निर्देश दिए कि खनिज का परिवहन निर्धारित क्षमता और वैध दस्तावेजों के साथ ही किया जाए। नियमों की अनदेखी करने वाले वाहनों के खिलाफ आगे भी इसी तरह की कार्रवाई जारी रखने की चेतावनी दी गई है।

अधिकारियों के मुताबिक ओवरलोडिंग केवल नियमों का उल्लंघन ही नहीं है, बल्कि इससे सड़क और पुल-पुलियों पर अतिरिक्त दबाव पड़ता है। भारी वाहनों की वजह से सड़कों की हालत प्रभावित होने के साथ ही यातायात व्यवस्था और सड़क सुरक्षा पर भी प्रतिकूल असर पड़ सकता है। ओवरलोड वाहनों के कारण दुर्घटनाओं का खतरा भी बढ़ जाता है। वहीं, अवैध खनिज परिवहन से सरकारी राजस्व को भी नुकसान पहुंचता है।

इन्हीं परिस्थितियों को देखते हुए जिला प्रशासन की ओर से खनिज परिवहन वाले प्रमुख मार्गों पर निगरानी बढ़ाई जा रही है। विभागीय अधिकारियों की संयुक्त टीमें समय-समय पर वाहनों की जांच कर रही हैं, ताकि अवैध खनन, बिना वैध दस्तावेज खनिज परिवहन और ओवरलोडिंग पर प्रभावी तरीके से रोक लगाई जा सके।

प्रशासन ने साफ किया है कि यह कार्रवाई केवल एक दिन तक सीमित नहीं रहेगी। बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे समेत जिले के प्रमुख मार्गों पर आगे भी औचक चेकिंग अभियान चलाया जाएगा। संदिग्ध वाहनों की जांच के साथ उनके दस्तावेज, खनिज की मात्रा और परिवहन संबंधी अनुमति का सत्यापन किया जाएगा।

पकड़े गए 10 ट्रकों के संबंध में शेष विधिक कार्रवाई शुरू कर दी गई है। प्रशासन की इस कार्रवाई को नियमों का उल्लंघन कर खनिज परिवहन करने वालों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई के रूप में देखा जा रहा है। अधिकारियों ने दोहराया कि जिले में अवैध खनन और ओवरलोडिंग के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा तथा नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन संचालकों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।